प्रधानमंत्री ने प्रयागराज में 27 हजार दिव्यांग उपकरण बांटे

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को उत्तर प्रदेश के दो जिलों के दौरे पर हैं। सबसे पहले उन्होंने प्रयागराज में होने वाले दिव्यांग महाकुंभ में प्रधानमंत्री एक साथ 26,791 दिव्यांगों और बुजुर्गों को उपकरण बांटे। इसके बाद प्रधानमंत्री चित्रकूट पहुंचे, वहां 297 किमी लंबे बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे का शिलान्यास किया। वे चित्रकूट से ही पूरे देश में 10,000 किसान उत्पादक संगठन की शुरुआत भी करेंगे। लोकसभा चुनाव के बाद दोनों जिलों में मोदी का यह पहला दौरा है।

मोदी ने कहा- सरकार का दायित्व है कि सबका विकास हो

  • ‘इसी सोच के साथ हमारी सरकार समाज के हर व्यक्ति के विकास के लिए उसके जीवन को आसान बनाने के लिए काम कर रही है। चाहे वह वरिष्ठजन हों या दिव्यांगों या फिर आदिवासी। सभी भारतीयों की सेवा करना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। विशेषकर दिव्यांगों की तकलीफों को सरकार ने समझा है। सरकार संवेदनशीलता से काम कर रही है।’
  • ‘हमारी सरकार ने दिव्यांगों की नियुक्ति के लिए एक अभियान चलाया है। आरक्षण 3% से बढ़ाकर अब 4% कर दिया है। कौशल विकास भी हमारी प्राथमिकता रही है। सरकार ने 2 लाख दिव्यांगों को स्किल ट्रेनिंग देने का काम किया है। 5 लाख लोगों को प्रशिक्षण देने का लक्ष्य रखा गया है। दिव्यांगों से जुड़े खेलों में दिव्यांगों ने भारत का नाम रोशन किया है।’
  • ‘हमारी सरकार ने दिव्यांगों के लिए जिस सेवा भाव से काम किया है, उसकी जितनी चर्चा होनी चाहिए थी उतना नहीं हो पाई। सामान्यजनों के अधिकारों की रक्षा के लिए लोग काम करते हैं। पहले दिव्यांगों की 7 अलग-अलग तरह की कैटगरी होती थी उसे बढ़ाकर 21 तक कर दिया गया। हमने इसका दायरा बढ़ा दिया है।’
  • ‘दिव्यांगों की तकलीफ-समस्या जिस गंभीरता से सुनी जानी चाहिए थी, उस पर ध्यान नहीं दिया गया। दिव्यांगों के लिए जब मन में कुछ करने की पीड़ा होती है, तब कुछ काम होता है। देशभर की सरकारी इमारतों को दिव्यांगों के लिए सुगम्य बनाने के लिए जो नई इमारतें और रेलवे कोच बन रहे हैं, उन्हें दिव्यांगों को ध्यान में रखकर बनाया जा रहा है।’
  • ‘एक राज्य से दूसरे राज्य में जाने पर अलग-अलग भाषा होने पर दिव्यांगों को बहुत दिक्कत होती है। दिव्यांगों के लिए भी एक कॉमन लैंग्वेज हो, इसका प्रयास भी हमारी सरकार ने शुरू किया। इसके लिए सरकार ने इंडियन साइंस लैंग्वेज एंड रिसर्च सेंटर की स्थापना की है। साइन के तहत भाषण को बताने का प्रयास किया जा रहा है।’
  • ‘आयुष्मान भारत योजना की तहत गरीबों और दिव्यांगजनों को इसका लाभ मिल रहा है। गरीब से गरीब देशवासी भी बीमा की सुविधा से जुडे़ं इसके लिए 2-2 लाख रुपए की बीमा की योजनाएं चल रही हैं। अभी तक 24 करोड़ से अधिक लोग इस योजना से जुड़ चुके हैं। अब तक लगभग 4 हजार करोड़ रुपए के क्लेम भी लोग कर चुके हैं।’

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *